Monday, December 8, 2025

सावन की बरसे बदरिया(Sawan ki barse badariya)

 

सावन की बरसे बदरिया, माँ की भीगी चुनरिया ll
भीगी चुनरिया माँ की, भीगी चुनरिया ll
सावन की बरसे बदरिया


लाल चोला मईया का, चम चम चमके
माथे की बिंदिया भी, दम दम दमके ll
हाथों में झलके मुंदरिया, माँ की भीगी चुनरिया,
सावन की बरसे बदरिया

छाई हरियाली झूमे, अम्बुआ की डाली
हो के मतवाली कुके, कोयलिया काली ll
बादल में कड़के बिजूरिया, माँ की भीगी चुनरिया,
सावन की बरसे बदरिया


उँचा भवन तेरा, उँचा है डेरा
कैसे चढ़ूँ पावों, फिसले है मेरा ll
टेढ़ी-मेढ़ी है डगरिया, माँ की भीगी चुनरिया,
सावन की बरसे बदरिया ||


काली घटा पानी, भर भर के लाई
झूला झूले, वैष्णो माई ll
चँचल पे माँ की नज़रिया, माँ की भीगी चुनरिया

सावन की बरसे बदरियामाँ की भीगी चुनरिया ll

भीगी चुनरिया माँ कीभीगी चुनरिया ll
सावन की बरसे बदरिया


अंबे चरण कमल है तेरे(Ambey Charan kamal hai tere)

 

अंबे चरण कमल है तेरे

अंबे चरण कमल है तेरे

हम भौरे है जन्म जन्म के

हम भौरे है जन्म जन्म के

निस दिन देते फेरे

अंबे चरण कमल है तेरे

 

तू धरती जग पालन करती

अंबर का आधार है तू

सब सच झूठे सब दुख झूठे

इस जीवन का सार है तू

तू सत्यम तू शिवम सुंदरम

तू सत्यम तू शिवम सुंदरम

हम सब चपल चतेरे

अंबे चरण कमल है तेरे

अंबे चरण कमल है तेरे

                                    ओस में आंसू फूल में

श्रद्धा अंतर में लेकर उजियारे

तेरे चरण में नत मस्तक

नभ के सूरज चाँद सितारे

हम ने तेरी मुस्कानो में

हम ने तेरी मुस्कानो में

देखे मधुर सवेरे

अंबे चरण कमल है तेरे

अंबे चरण कमल है तेरे

जय जय माँ जय जय माँ

जय जय माँ जय जय माँ


Credit:
 
Album: Maa
Singer & Composer: Jagjit Singh
Lyrics by: Members Of Sri Aurbindo Society Pondicherry